क्या मंगल ग्रह पर मानव बस्ती सम्भव ?

यों तो मंगल ग्रह, चंद्रमा की अपेक्षा पृथ्वी से ज्यादा दूर है । परन्तु अन्तरिक्ष पर पहली मानव बस्ती मंगल पर ही बसने की संभावना है। एक तो मंगल पर पानी प्रचुर मात्रा में उपलब्ध है दूसरा पृथ्वी से इसकी समानता भी काफी है ।


इसरो की पीआरएल काउन्सिल के चेयरमैन व अंतरिक्ष आयोग के पूर्व अध्यक्ष प्रो यू आर राव के अनुसार अब सबकी निगाहें अंतरिक्ष की ओर लग गई हैं। अगला दशक अंतरिक्ष में उपलब्ध संसाधनों के दोहन का है। विभिन्न देश इसके लिए साझा प्रयास में जुट रहे हैं।

अमेरिका ने तो अपने वीजन 2020 में इस बात को प्रमुखता के साथ शामिल किया है। इसी के तहत मंगल पर बस्ती बसाने व शुक्र पर बलून उतार कर परीक्षण करने की परियोजना तैयार की गई है।


ट्रिपल आईटी में चल रहे विज्ञान समागम में प्रो राव ने बताया कि पृथ्वी पर मानसून में देरी के चलते हर साल 40 मिलियन टन बर्फ पिघल जा रही है। खेती की हालत खराब है। दलहन, तिलहन आदि का उत्पादन घटने से दाम आसमान छू रहे हैं, गरीबों का जीना दूभर हो गया है। इन स्थितियों के बीच सबकी निगाह अब अंतरिक्ष की ओर हो गई है। चन्द्रमा, मंगल आदि पर उपलब्ध संसाधनों के दोहन की तैयारी की जा रही है।

प्रो. राव के अनुसार वैसे तो चंद्रमा हमारे सबसे नजदीक है। हाल ही में गए चंद्रयान 1 मिशन ने चंद्रमा के ध्रुवों पर पानी होने की पुष्टि भी कर दी है। इसके बावजूद अभी चंद्रमा पर बस्ती बसाने के कार्य में विलंब है। अलबत्ता मंगल इसके लिए ज्यादा अनुकूल साबित हो रहा है। यहां पानी का प्रचुर भंडार है। साथ ही वातावरण, दिन व रात का समय आदि भी काफी कुछ पृथ्वी से मिलता जुलता है। इसको देखते हुए मंगल पर बस्ती बसाना ज्यादा अनुकूल हो रहा है।

प्रो. राव के अनुसार अंतरिक्ष के अभियानों में सबसे बड़ी रुकावट धन की होती है। इसको देखते हुए ही विभिन्न देश साझा अभियानों की रूप रेखा तैयार कर रहे हैं। अमेरिका ने अंतरिक्ष के दोहन को अपने वीजन 2020 में प्रमुखता से शामिल किया है। भारत भी इसमें शामिल है।

8 comments:

परमजीत सिँह बाली said...

ज्ञान वर्धक जानकारी है।आभार।

पी.सी.गोदियाल said...

ये लोग उसे भी नरग बनाने पर आमदा है ! जानकारी सुन्दर है !

दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi said...

अब आई मंगल की शामत!

संगीता पुरी said...

मंगल चंद्रमा से अधिक निकट ????

psingh said...

bahut gyanvardhk avam rochak lekh
bahut bahut dhnyavad .........

Arvind Mishra said...

मंगल भवन अमंगल हारी....

Neeraj Rohilla said...

Sangeeta ji ka sawal hi hamara sawaal hai.

Mangal chandrama ki tulna mein dhartee se adhik door hai...Aap ek baar phir se check kar le...

पं.डी.के.शर्मा"वत्स" said...

पहली बात तो ये कि मंगल की दूरी चन्द्रमा से कहीं अधिक है....ओर दूसरी बात ये कि मंगल पर जल तथा जीवन की सम्भावना सिर्फ वैज्ञानिकों की निराधार कल्पना/अनुमान मात्र है, जो कि देर सवेर गलत सिद्ध होने वाला है ।
शर्तिया....

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